CTET Solved Paper - CTET February 2014 Paper1

Avatto > > CTET > > CTET Solved Paper > > CTET February 2014 Paper1

जीवन में बहुत अंधकार है और अंधकार की ही भाँति अशुभ और अनीति है| कुछ लोग इस अंधकार को स्वीकार कर लेते हैं और तब उनके भीतर जो प्रकाश तक पहुँचने और पाने की आकांक्षा थी, वह क्रमशः क्षीण होती जाती है| मैं अंधकार की इस स्वीकृति को मनुष्य का सबसे बड़ा पाप कहता हूँ| यह मनुष्य का स्वयं अपने प्रति किया गया अपराध है| उसके दूसरों के प्रति किए गए अपराधों का जन्म इस मूल पाप से ही होता है| यह स्मरण रहे कि जो व्यक्ति अपने ही प्रति इस पाप को नहीं करता है, वह किसी के भी प्रति कोई पाप नहीं कर सकता है| किन्तु कुछ लोग अंधकार के स्वीकार से बचने के लिए उसके अस्वीकार में लग जाते हैं| उनका जीवन अंधकार के निषेध का ही सतत उपक्रम बन जाता है|

6. इस गद्यांश में 'उपक्रम' का अर्थ है

  • Option : D
  • Explanation : गद्यांश के अनुसार, कुछ लोग बुराइयों और अन्यायों की स्वीकारिता से बचने के लिए उनको अस्वीकार करने में लग जाते हैं, जैसे कि ऐसी प्रवृत्ति होती ही नहीं है और इस तरह जीवन में उनकी यही अस्वीकारिता कार्य बन जाती है|
Cancel reply
Cancel reply

7. जीवन में बहुत अन्धकार है| रेखांकित अंश में कौन-सा कारक है? -------

  • Option : B
  • Explanation : जीवन में बहुत अन्धकार है | इस वाक्य में आया शब्द 'में' अधिकरण कारक का उदाहरण है| क्रिया या आधार को सूचित करने वाली संज्ञा या सर्वनाम के स्वरूप को अधिकरण कारक कहते है|
Cancel reply
Cancel reply

8. "------- और अन्धकार की ही भाँति अशुभ और अनीति है|" वाक्य में निपात है

  • Option : A
  • Explanation : ही, भी, तब, जब ...... इत्यादि हिंदी व्याकरण की दृष्टि से निपात हैं|
Cancel reply
Cancel reply

9. प्राथमिक स्तर की शिक्षा में सम्प्रेषण का माध्यम ________________ ही होनी चाहिए, क्योंकि इसी भाषा में ही बच्चे का मस्तिष्क सबसे पहले क्रियाशील होता है|

  • Option : B
  • Explanation : बच्चे का शुरूआती मस्तिष्क उसके घर-परिवेश की आपसी बोल-चाल से प्रभावित होता है| वह उसे मातृभाषा के रूप में प्रयोग करता है| प्राथमिक स्तर पर सम्प्रेषण का माध्यम मातृभाषा ही होना चाहिए|
Cancel reply
Cancel reply

10. भाषा की पाठ्य-पुस्तकों में दिए गए अभ्यास

  • Option : A
  • Explanation : भाषा की पाठ्य-पुस्तके अन्त में दी गई अभ्यास प्रश्नावली बच्चों को तीन प्रकार के अवसर देती है (i) चीजों को परखने (ii) गहराई से जुड़ने तथा (iii) प्राप्त अनुभव स्तर से तथ्य ज्ञात करने का|
Cancel reply
Cancel reply