गद्यांश में स्पष्ट रूप से बताया गया है कि इस संसार में जितने बड़े-बड़े लोग हुए हैं सभी ने अपने कर्तव्य को सबसे श्रेष्ठ माना है |
CTET Solved Paper MCQ - UPTET October 2017 Paper2
निर् + बल + ता
'निर्बलता' शब्द 'निर' उपसर्ग तथा 'ता' प्रत्यय के संयोग से बना है |
'गलियों को चौड़ा करना आवश्यक है |" वाक्य अन्य दिए गए वाक्यों की अपेक्षा शुद्ध है |

